Let China Come In अमेरिका में पिछले वर्ष मोटर वाहन उद्योग ने चीन-के-खिलाफ टैरिफ की मार झेली थी, जिससे कार कंपनियों की आपूर्ति श्रृंखला और तैयार वाहनों पर भारी शुल्क लगाया गया। लेकिन 2026 में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने अपना रुख पलट दिया है और अमेरिकी उपभोक्ताओं के लिए सस्ते इलेक्ट्रिक वाहनों के स्वागत का संकेत दिया है। ट्रम्प ने डेट्रॉइट इकोनॉमिक क्लब में कहा, “यदि कोई कंपनी अमेरिका में फैक्ट्री लगाकर यहाँ के लोगों को रोजगार दे, तो वह बहुत अच्छी बात है, मुझे यह पसंद है। चीन को आने दो, जापान को आने दो।”
Let China Come In ट्रम्प का बयान
14 जनवरी 2026 को डेट्रॉइट में आयोजित सभा में ट्रम्प ने स्पष्ट रूप से कहा कि चीनी और अन्य विदेशी वाहन निर्माता अमेरिका में खुद की फैक्ट्रियाँ लगाकर गाड़ियाँ बना सकते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा, “चीन को आने दो, जापान को आने दो (Let China come in, let Japan come in)”। ट्रम्प ने यह भी उल्लेख किया कि पिछले कार्यकाल में उन्होंने सभी विदेशी ऑटोमोबाइल्स पर 25% तक का टैरिफ लगा रखा था ताकि अमेरिकी ऑटो श्रमिकों की रक्षा हो सके। लेकिन अब उनकी इच्छा है कि यदि चीनी वाहन कंपनियाँ अमेरिका में उत्पादन करेंगी तो इससे स्थानीय लोगों को फायदे होंगे।
अमेरिकी नीति में बदलाव
वास्तव में, अमेरिका ने पिछले कुछ वर्षों में चीन से आने वाली कारों पर भारी टैरिफ लगा रखा है। उदाहरण के लिए, चीन में बने इलेक्ट्रिक वाहनों पर 100% तक का शुल्क है, जिससे चीनी फर्में अमेरिकी बाजार से बाहर हो गई थीं। लेकिन ट्रम्प का तर्क है कि अगर ये कंपनियां अमेरिका में संयंत्र लगाएँगी और स्थानीय श्रमिकों को रोजगार देंगी तो परिणामस्वरूप नई नौकरियाँ बढ़ेंगी और कारों की कीमतें कम होंगी। उन्होंने कहा कि यह नीति अमेरिका के लिए “दोनों ओर से जीत” होगी। दूसरे शब्दों में, ट्रम्प मानते हैं कि प्रतिस्पर्धा से अमेरिका को लंबे समय में लाभ मिल सकता है।
चीनी कंपनियों की अमेरिकी योजनाएँ
चीन की प्रमुख इलेक्ट्रिक वाहन कंपनियाँ अमेरिका को बड़े बाजार के रूप में देख रही हैं। InsideEVs के अनुसार चीन की BYD और Xiaomi जैसी कंपनियों ने अमेरिकी बाजार पर नजर डाली है और अगर अवसर मिला तो यहाँ प्रवेश करना चाहेंगी। अमेरिका दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा ऑटोमोबाइल बाजार है (सबसे बड़ा चीन का है), इसलिए कई चीनी फर्म यहाँ आने की तैयारी कर रही हैं। उदाहरण के लिए, वोल्वो और पोलस्टार की मूल कंपनी Geely ने भी घोषणा की है कि वह अमेरिका में अपने वाहनों की बिक्री पर विचार कर रही है।
नीचे की तालिका एक सर्वेक्षण के आंकड़े दिखाती है जिसमें बताया गया है कि युवा खरीदार अधिक उत्सुक हैं:
| आयु समूह | चीनी इलेक्ट्रिक वाहन लेने की संभावना (%) |
|---|---|
| 44 वर्ष से कम | 49% |
| 44 वर्ष या अधिक | 14% |
अमेरिकी प्रतिक्रियाएँ
चीन के EV आगमन की घोषणा पर अमेरिकी उद्योग और उपभोक्ता वर्ग में मिला-जुला रुख देखा गया है। Ford के CEO Jim Farley ने खुलकर कहा है कि चीन के निर्मित इलेक्ट्रिक वाहनों को चलाना मजेदार है। साथ ही, नए आंकड़ों से पता चला है कि 44 वर्ष से कम आयु के लगभग 49% खरीदार चीन के EV लेने के इच्छुक हैं, जबकि वृद्ध वर्ग में यह रुचि केवल 14% है। हालांकि अमेरिकी ऑटो उद्योग को अब घरेलू प्रतियोगिता बढ़ने की चिंता है, लेकिन ट्रम्प ने इसे सकारात्मक बताया है। उनका कहना है कि इससे अमेरिकी नौकरियों में वृद्धि होगी और लोगों को किफायती वाहन मिलेंगे।
मुख्य बिंदु:
- ट्रम्प ने कहा कि चीनी कंपनियाँ तभी अमेरिका में प्रवेश कर सकती हैं जब वे यहाँ संयंत्र बनाकर अमेरिकी कामगारों को नौकरियाँ दें।
- इसके परिणामस्वरूप अमेरिका में नौकरियाँ बढ़ेंगी और कारों की कीमतें कम हो सकती हैं।
- दूसरी ओर, इससे अमेरिकी ऑटो उद्योग में नई प्रतिस्पर्धा की संभावना बढ़ जाएगी।
- एक सर्वेक्षण में पाया गया है कि 44 वर्ष से कम आयु के 49% खरीदार चीन के EV लेने के इच्छुक हैं, जबकि 44 वर्ष या अधिक आयु के केवल 14% ही इच्छुक पाए गए।
- Ford के CEO Jim Farley ने भी कहा है कि विदेशी EV वाहनों का ड्राइव करना रोमांचक है और अमेरिकी ग्राहक इस विचार के लिए खुले हो रहे हैं।
अस्वीकरण: इस लेख में दी गई जानकारी विभिन्न समाचार स्रोतों (जैसे InsideEVs, The Drive, Autocar आदि) पर आधारित है। लेख का उद्देश्य विश्लेषणात्मक रूप से जानकारी प्रदान करना है। किसी भी नीति-निर्धारण, निवेश या निर्णय में इस लेख की जानकारी का उपयोग करने से पहले विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य लें। लेखकार या प्रकाशक सटीकता की गारंटी नहीं देता।
FAQs:
- Q: What did Trump say about Chinese EVs?
A: ट्रम्प ने कहा कि अगर चीन की वाहन कंपनियाँ अमेरिका में फैक्ट्री लगाकर यहाँ के लोगों को नौकरी देती हैं, तो उनका स्वागत है। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा, “चीन को आने दो”। - Q: What conditions did Trump mention for Chinese automakers?
A: ट्रम्प ने शर्त रखी कि चीनी कंपनियाँ तब तक अमेरिका में आ सकती हैं जब तक वे यहाँ संयंत्र बनाकर अमेरिकी मजदूरों को रोजगार दें। - Q: What is the current tariff on Chinese electric vehicles in the US?
A: वर्तमान में अमेरिकी सरकार ने चीन में बनी कारों पर भारी शुल्क लगाया हुआ है, जिसमें चीन में बने इलेक्ट्रिक वाहनों पर 100% तक का टैरिफ शामिल है। - Q: How do American consumers feel about Chinese EVs?
A: अमेरिकी उपभोक्ता अब चीनी EV के प्रति अधिक सकारात्मक हैं, खासकर युवा वर्ग। एक सर्वेक्षण में पाया गया कि 44 वर्ष से कम आयु के लगभग 49% खरीदार चीन के इलेक्ट्रिक वाहन लेने को तैयार हैं। - Q: Which Chinese EV companies are likely to enter the US market?
A: चीन की प्रमुख EV कंपनियाँ जैसे BYD (बायडी) और Xiaomi (शाओमी) अमेरिका में अपने वाहनों को लाने की योजना बना रही हैं। इसके अलावा, Geely (वोल्वो की मूल कंपनी) भी अमेरिका में अपनी बिक्री का विकल्प देख रही है।
